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दिसंबर, 2018 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

विदाई 2018-स्वागत 2019-(371)

अभी के साल का विदा होना और नये साल का आगमन होता आया है हरेक साल इसी तरह से सुस्वागतम् कुछ गलत को छोड़ना कुछ अच्छाइयां जोड़ना तरह-तरह के संकल्प से जुड़ना बीच-बीच में छोड़ देन...

अद्भुत आश्चर्यजनक किन्तु सत्य-5

यह घटना तुलसीपुर पुरानी बाजार जिला बलरामपुर उ.प्र. की है। श्री घनश्याम वर्मा दो भाई थे। बड़े भाई सीताराम जी थे, जिनके बच्चे नहीं थे। घनश्याम वर्मा जी के चार बच्चे सन्तोष, अशो...

अमृतवाणी-170-171-172

आत्मावलोकन का सरल उपाय—एकान्तवास (भाग 4) ================================= माघ के महीने में लोग झोंपड़े लगा लेते हैं, उसी में रहते हैं, बाहर-निकलते ही नहीं, बाहर जाते ही नहीं, घर वालों को बुलाते ही नहीं। घरव...

गुरुगीता-72

भगवान् को ध्यानमग्न देखकर नारद जी ने लक्ष्मी जी से जब कारण पूँछा, तो उन्हें बताया गया कि वे अपने सबसे बड़े भक्त पृथ्वीवासी एक व्यक्ति की उपासना कर रहे हैं। अपने से भी बड़े भक्...

गुरुगीता-71

करतारपुर में गुरु नानक साहेब के दर्शन करने एक दिन बहुत संगत आ गयी। लंगर में प्रसाद कम पड़ने लगा । सेवक ने आ कर महाराज जी को बताया तो  सतगुरु जी ने हुक्म किया कि कोई सिख सामने की...

तुमने-370

तुमने बॉहें फैलाकर जब कलेजे से लगाया अपने तमाम दुनिया की खुशियाँ झोली में मेरी अचानक से भर दीं तुमने  मुझको कुछ समझ न आया मेरे सतगुरु---- मैंने तो किसी भी पहचान से अलग केवल तु...

दिले शायरी -57

--दर पै तेरे भीड़ देखकर कितने सवाल उठ आते हैं मॉगने वाले तेरे सामने क्या-क्या कुछ कह जाते हैं --निगाहें मिली जब निगाहों से तेरी निगाहों से तूने कुछ अन्दर जो भेजा मची दिल में हल...

सलाखों के अन्दर गायत्री साधना-41

लगातार कारागार में जाते-जाते कब 6 साल बीत गए पता ही नहीं चला। इस बीच गिलहरी द्वारा दीपक गिरा देना, बन्दरों द्वारा प्रसाद खा लेना, फलों को लेकर पेड़ पर चढ़ जाना, और भी न जाने कितन...