ऑखिन देखी(सामाजिक)-134
सहन ना होना छोटी बात का
कभी बड़ा बतँगड़ बन जाता है
इसीलिये परिवारों में आजकल
कलह का तांडव बढ़ जाता है
पति-पत्नी के रिश्तों में भी
अजब दरारें आ जाती हैं
छोटी-छोटी बातों पर वो
मॉ-बाप के घर को आ जाती हैं
सहने की आदत ना डाली
सोच-समझकर चल ना पाये
इसीलिये बच्चे भी हमारे
लौट के बुध्दू घर को आये
काम न करना,काम न कराना
बचकानी ये बातें करना
मात-पिता को सिखाना होगा
बच्चों को घर में काम भी कराना
घरों में ख़ुशहाली लानी है तो
ससुराल का ख़्याल भी रखना होगा
सासू "मॉ" नहीं हो सकती हर पल
बच्चों को काम तो सिखाना होगा
💔💔🖤💔💔
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