चरण कमल ये चरण कमल(आध्यात्मिक)-276
चरण - कमल ये चरण - कमल,
इन चरणों की देखो कृपा।
तीनों लोक यहॉ बसते हैं,
चारों धाम हैं यहॉ - वहॉ।
चरण पखारते, चरण दबाते,
चरणों में खो जाना तुम।
पूरी श्रद्धा यहॉ रखोगे,
होगा तभी कल्याण यहॉ।
लकुटी थामते, भृकुटी उठाते,
जब आगे बढ़ते हैं।
ब्रह्मा, विष्णु, महेश सभी तो,
हो जाते मदहोश यहॉ।
घुटनों में आकाश है बसता,
टखनों में पाताल।
चरणों नीचे दबी है पृथ्वी,
पूरा है ब्रह्मांड यहॉ।
भवबन्धन से तरना चाहो,
चरनन ध्यान लगाना।
चरण कमल जब दिल में बसते,
कर देते कल्याण यहॉ।
- - - - - - - 20/6/05
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